देहरादून,
भाजपा ने “जन जन की सरकार, जन जन के द्वार” अभियान को कल्याणकारी राज्य की अवधारणा को स्थापित करने वाली महत्वपूर्ण पहल बताया है। प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने अभियान के सफलतापूर्वक दो महीने पूरे होने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त करते हुए इसे जनसंवाद के माध्यम से समस्या निवारण की श्रेष्ठ पहल बताया। उन्होंने कहा कि अभियान के आंकड़े अंत्योदय कल्याण के सिद्धांत को धरातल पर उतारने की कहानी बयां कर रहे हैं।
मीडिया में जारी बयान में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार प्रदेश के चौमुखी विकास के साथ प्रत्येक व्यक्ति के कल्याण के लिए प्रतिबद्धता से कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा निर्धारित “वर्तमान दशक उत्तराखंड का दशक” बनाने के लक्ष्य की दिशा में राज्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि इंफ्रास्ट्रक्चर, कनेक्टिविटी, उद्योग, पर्यटन, स्वास्थ्य, कृषि, बागवानी और शिक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में विकास के नए आयाम जुड़े हैं, जिनका सीधा लाभ आम जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव के रूप में दिखाई दे रहा है।
भट्ट ने कहा कि डबल इंजन सरकार के कार्यों पर प्रदेश की जनता लगातार संतुष्टि की मुहर लगा रही है। उन्होंने बताया कि अंत्योदय की भावना से शुरू किए गए इस अभियान का उद्देश्य प्रत्येक राज्यवासी को कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ना और उनकी समस्याओं का समाधान करना था। पहले 45 दिनों की अवधि तय की गई थी, जिसे जनहित में बढ़ाया गया।
उन्होंने दावा किया कि दो महीनों में अभियान के परिणाम उत्साहवर्धक रहे हैं। न्याय पंचायत स्तर पर आयोजित बहुउद्देशीय शिविरों में 5 लाख से अधिक लोगों ने भाग लिया, जिनमें से लगभग 3 लाख लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिला। अभियान की सबसे बड़ी विशेषता नौकरशाही की जटिलताओं को कम कर प्रशासन का सीधे जनता के बीच पहुंचना रही, जिससे मौके पर ही लगभग 60 प्रतिशत समस्याओं का त्वरित समाधान हुआ।
उन्होंने बताया कि किसानों को सब्सिडी पर बीज, उर्वरक और कृषि यंत्र वितरित किए गए, दैनिक जीवन से जुड़े कई प्रमाणपत्र जारी किए गए तथा अनेक योजनाओं का लाभ सिंगल विंडो सिस्टम के माध्यम से उपलब्ध कराया गया। पंचायत स्तर पर नोडल अधिकारियों की नियुक्ति से अभियान का प्रबंधन प्रभावी रहा।
भट्ट ने कहा कि राज्य के हर जरूरतमंद व्यक्ति को योजनाओं से जोड़ने और आत्मनिर्भर उत्तराखंड के निर्माण की दिशा में यह अभियान महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ है। विशेष रूप से ग्रामीण और सीमावर्ती क्षेत्रों के लोगों के लिए यह पहल वरदान साबित हुई है, जिससे सरकारी कामकाज में पारदर्शिता बढ़ी है और जनता का भरोसा भी मजबूत हुआ है।
उन्होंने इस प्रयास को जनसेवा के क्षेत्र में अभूतपूर्व पहल बताते हुए दावा किया कि यह अभियान संविधान के अनुरूप कल्याणकारी राज्य की अवधारणा को स्थापित करने में महत्वपूर्ण पड़ाव साबित हुआ है।
