देहरादून ,
“ऑपरेशन कालनेमि” के तहत जनपद में फर्जी दस्तावेजों व बदले हुए नाम–पते के सहारे अवैध रूप से रह रहे व्यक्तियों पर दून पुलिस की लगातार कार्रवाई जारी है। इसी क्रम में कोतवाली पटेलनगर पुलिस ने दो अलग-अलग स्थानों से दो बांग्लादेशी महिलाओं को हिरासत में लिया है, जिनमें से एक को फर्जी भारतीय दस्तावेज बनवाकर अवैध रूप से रहने पर गिरफ्तार किया गया है।
✦ पहली महिला — फर्जी दस्तावेजों के साथ गिरफ्तार
पुलिस ने देहराखास, पटेलनगर क्षेत्र से एक महिला को हिरासत में लिया, जो अपना नाम भूमि शर्मा बता रही थी। गहन पूछताछ में उसने अपना असली नाम बबली खातून पत्नी मो. मुनजु (निवासी गौबिन्दो गोनम, जिला गायबन्दा, बांग्लादेश) बताया।
बबली खातून कोविड काल में चोरी-छिपे बॉर्डर क्रॉस करके भारत आई थी और वर्ष 2021 में देहरादून पहुंची। वर्ष 2022 में उसने यहां एक युवक से भूमि शर्मा के नाम से विवाह कर लिया और उसी नाम से फर्जी आधार, आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड, वोटर आईडी समेत अन्य दस्तावेज भी बनवा लिए।
पुलिस ने मौके से इन सभी फर्जी भारतीय दस्तावेजों के साथ उसके वास्तविक बांग्लादेशी आईडी की प्रतिलिपि भी बरामद की। फर्जी दस्तावेज तैयार करवाने में शामिल अन्य व्यक्तियों की तलाश की जा रही है।
✦ दूसरी महिला — बॉबी खातून हिरासत में
कारगी रोड, कालिंदा विहार फेज-2 से पुलिस ने बॉबी खातून (उम्र 41 वर्ष) को हिरासत में लिया, जो वर्ष 2023 में चोरी-छिपे भारत आई थी और देहरादून में मजदूरी कर जीवन यापन कर रही थी। पुलिस को उसके पास से बांग्लादेशी पहचान पत्र की छायाप्रति मिली है। उसे नियमानुसार डिपोर्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
✦ कार्रवाई का ट्रैक रिकॉर्ड
ऑपरेशन कालनेमि के तहत अब तक—
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17 बांग्लादेशी नागरिकों पर कानूनी कार्रवाई
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08 आरोपी जेल भेजे गए (फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अवैध निवास)
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09 नागरिकों को किया जा चुका है डिपोर्ट
✦ बरामद सामग्री
बबली खातून उर्फ भूमि शर्मा से:
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फर्जी आधार कार्ड
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फर्जी वोटर कार्ड
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फर्जी राशन कार्ड
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फर्जी आयुष्मान कार्ड
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बांग्लादेशी आईडी (बबली बेगम)
बॉबी खातून से:
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बांग्लादेशी पासपोर्ट की छायाप्रति
पुलिस ने बताया कि दोनों मामलों में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है और फर्जी दस्तावेज तैयार करवाने वाले नेटवर्क पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है।