देहरादून ,
उत्तराखंड शासन ने वन विभाग में प्रशासनिक फेरबदल करते हुए भारतीय वन सेवा (IFS) के पांच अधिकारियों की तैनाती में बदलाव किया है। एक अक्टूबर 2026 को जारी शासनादेश के अनुसार, अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इस फेरबदल में हल्द्वानी, पिथौरागढ़ और रामनगर के वन विभाग के महत्वपूर्ण पदों पर बदलाव किया गया है।
शासनादेश के अनुसार, वर्ष 1999 बैच के IFS अधिकारी नरेश कुमार को अपर प्रमुख वन संरक्षक (प्रशासन) के पद पर तैनात किया गया है। इसके साथ ही उन्हें उत्तराखंड वन संसाधन परियोजना (जायका), देहरादून के मुख्य परियोजना निदेशक का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।
वर्ष 2017 बैच के IFS अधिकारी दीपक सिंह को तराई पूर्वी वन प्रभाग, हल्द्वानी के उप वन संरक्षक पद से स्थानांतरित कर पिथौरागढ़ वन प्रभाग का उप वन संरक्षक नियुक्त किया गया है। वहीं, वर्ष 2022 बैच के अधिकारी राहुल मिश्रा को कॉर्बेट टाइगर रिजर्व, रामनगर के उप वन संरक्षक एवं उप निदेशक पद से हटाकर तराई पूर्वी वन प्रभाग, हल्द्वानी की जिम्मेदारी दी गई है।
इसी क्रम में वर्ष 2023 बैच के IFS अधिकारी आदित्य रत्न को पिथौरागढ़ वन प्रभाग से स्थानांतरित कर हल्द्वानी वन प्रभाग का उप वन संरक्षक बनाया गया है। शासन ने उनके पारिवारिक परिस्थितियों से संबंधित अनुरोध पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए प्रशासनिक हित में यह निर्णय लिया है।
वहीं, वर्ष 2024 बैच की IFS अधिकारी सुश्री पंडित शिरीन संजय को राष्ट्रीय राजाजी पार्क, देहरादून के उप निदेशक पद से स्थानांतरित कर कॉर्बेट टाइगर रिजर्व, रामनगर का उप वन संरक्षक एवं उप निदेशक नियुक्त किया गया है।
शासनादेश में स्पष्ट किया गया है कि अतिरिक्त प्रभार के लिए किसी भी प्रकार का अतिरिक्त वेतन या भत्ता देय नहीं होगा। सभी संबंधित अधिकारियों को तत्काल नई तैनाती अथवा अतिरिक्त प्रभार ग्रहण कर अनुपालन आख्या शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। यह आदेश सचिव सी. रविशंकर की ओर से जारी किया गया है।