देहरादून ,
उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा आयोजित बहुप्रतीक्षित हैकाथॉन 3.0 भव्य सफलता के साथ सम्पन्न हुआ। पूरे देश के तकनीकी उत्साही युवाओं के बीच यह राष्ट्रीय स्तर का इनोवेशन चैलेंज केंद्र बिंदु बना रहा। उत्तराखण्ड पुलिस लगातार तीसरे वर्ष यह आयोजन करने वाली भारत की पहली राज्य पुलिस बन गई है।
इस वर्ष हैकाथॉन को युवाओं से अप्रत्याशित और उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली। 27 अक्टूबर से 8 नवंबर 2025 तक चले पंजीकरण में 129 टीमों ने अपने नवाचारपूर्ण और उच्च प्रभाव वाले प्रोजेक्ट विचार प्रस्तुत किए।
कड़ी चयन प्रक्रिया के बाद 15 टीमें फाइनल के लिए चुनी गईं
9 नवंबर को आयोजित प्रीलिम राउंड में प्रतिभागियों ने छह घंटे की समय सीमा में अपनी कॉन्सेप्ट प्रेजेंटेशन जमा कीं। नवाचार, तकनीकी गुणवत्ता और डिजिटल पुलिसिंग पर संभावित प्रभाव के आधार पर कठोर मूल्यांकन किया गया। चयनित 15 टीमों को अंतिम चरण में अपने विचारों को प्रोटोटाइप के रूप में प्रस्तुत करने का अवसर मिला।
36 घंटे का चुनौतीपूर्ण ग्रैंड फिनाले
18 नवंबर 2025 को देहरादून पुलिस लाइन में आयोजित ग्रैंड फिनाले में 13 फाइनलिस्ट टीमों ने 36 घंटे के नॉन-स्टॉप कोडिंग मैराथन में हिस्सा लिया। इस दौरान प्रतिभागियों ने उच्च स्तरीय तकनीकी समाधान विकसित कर आधुनिक पुलिसिंग की वास्तविक चुनौतियों को संबोधित किया।
छात्रों द्वारा विकसित प्रमुख तकनीकी समाधान
प्रतियोगिता के दौरान कई अत्याधुनिक समाधान प्रस्तुत किए गए, जिनमें शामिल हैं—
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ओएसआईएनटी एवं थ्रेट एक्टर प्रोफाइलिंग ऑटोमेशन
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डार्क वेब एवं डीप वेब इंटेलिजेंस टूल्स
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सुरक्षित पुलिस संचार प्रणाली
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क्रिप्टो एवं डिजिटल मनी ट्रेल विश्लेषण सिस्टम
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टावर डंप / CDR / IPDR विश्लेषण हेतु डिजिटल फोरेंसिक ऑटोमेशन
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रियल-टाइम थ्रेट इंटेलिजेंस एकीकरण एवं अलर्टिंग इंजन
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नेटवर्क एवं पैकेट फोरेंसिक प्लेटफ़ॉर्म
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एआई-पावर्ड वीडियो एनालिटिक्स
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ब्लॉकचेन आधारित वित्तीय धोखाधड़ी ट्रेसबिलिटी प्रणाली
इस वर्ष 1500 छात्रों, 250 टीमों और 200 महिला कोडर्स की भागीदारी रही, जो राष्ट्रीय सुरक्षा नवाचार में युवाओं की बढ़ती भूमिका को दर्शाती है।
विजेता टीमें
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प्रथम स्थान: TEAM N/A (Team-15)
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द्वितीय स्थान: TEAM VOLDEBUG & ALGORYTHM
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तृतीय स्थान: TEAM BYTE SHIELD & QUADRATECH
डीजीपी ने की युवाओं की सराहना
समापन समारोह में पुलिस महानिदेशक श्री दीपम सेठ ने कहा कि हैकाथॉन 3.0 ने सिद्ध किया है कि भविष्य की पुलिसिंग तकनीक आधारित होगी और देश के युवा ही इसे आगे ले जाएंगे। उन्होंने इसे सुरक्षित समाज और स्मार्ट गवर्नेंस की दिशा में अहम कदम बताया।
कार्यक्रम में अपर पुलिस महानिदेशक श्री वी. मुरुगेशन, श्री ए. पी. अंशुमान, पुलिस महानिरीक्षक श्री नीलेश आनन्द भरणे, श्री कृष्ण कुमार वी.के., वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री नवनीत सिंह, श्री अजय सिंह, सहायक पुलिस अधीक्षक श्री कुश मिश्रा तथा DBS Global University के निदेशक श्री मोहित अग्रवाल सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
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