देहरादून,
उत्तराखंड सचिवालय में शुक्रवार को मुख्य सचिव श्री आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (UPCL) की 125वीं बोर्ड बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में मुख्य सचिव ने सचिव वित्त और टेक्निकल पृष्ठभूमि वाले विशेषज्ञों को बोर्ड में शामिल करने के निर्देश दिए।
🔹 बजट और ऋण प्रबंधन पर निर्देश
मुख्य सचिव ने कहा कि प्रोजेक्ट्स की लागत को कम करने के निरंतर प्रयास किए जाएँ और परियोजनाओं के लिए सस्ता ऋण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि अगले वित्तीय वर्ष का बजट फरवरी-मार्च तक बोर्ड से स्वीकृत हो जाए।
🔹 विजिलेंस मैकेनिज्म और ERP लागू करना
मुख्य सचिव ने तीनों कार्पोरेशन में विजिलेंस मैकेनिज्म स्थापित करने के निर्देश दिए और कहा कि सचिव विजिलेंस के साथ बैठक कर शीघ्र इसकी रूपरेखा तैयार की जाए। इसके अलावा, उन्होंने UPCL में 1 जनवरी 2026 से ERP सिस्टम लागू करने के निर्देश भी दिए।
🔹 त्रैमासिक प्रदर्शन समीक्षा और नई तकनीक का प्रयोग
मुख्य सचिव ने सभी कार्पोरेशन्स को त्रैमासिक प्रदर्शन समीक्षा का निर्देश दिया, ताकि अल्पकालिक लक्ष्यों पर प्रगति का आंकलन किया जा सके और सुधार के क्षेत्रों की पहचान हो।
उन्होंने नई तकनीकों के इस्तेमाल पर जोर देते हुए कहा कि किसी भी नई तकनीक को लागू करने से पहले एक-दो स्थानों पर परीक्षण अनिवार्य हो, ताकि असफल होने पर नुकसान कम हो।
🔹 पेशेवर दृष्टिकोण और तकनीकी आर्थिक व्यवहार्यता
मुख्य सचिव ने सभी कार्पोरेशन्स को पेशेवर दृष्टिकोण अपनाने और प्रोजेक्ट शुरू करने से पहले टेक्नो-इकोनॉमिक फीजीबिलिटी परीक्षण कराने की आवश्यकता पर बल दिया।
🔹 उपस्थित वरिष्ठ अधिकारी
बैठक में उत्तराखंड सरकार के प्रमुख सचिव श्री आर. मीनाक्षी सुन्दरम, स्वतंत्र निदेशक श्री पराग गुप्ता, श्री बी.पी. पांडेय, अपर सचिव डॉ. अहमद इकबाल, एमडी यूपीसीएल श्री अनिल यादव, एमडी यूजेवीएनएल श्री संदीप सिंघल एवं एमडी पिटकुल श्री पी.सी. ध्यानी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्य सचिव ने बैठक का समापन सभी परियोजनाओं के पारदर्शी, लागत-कुशल और तकनीकी दृष्टि से मजबूत संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश के साथ किया।