विकास कार्यों की प्रगति पर चर्चा, पर्यटन की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण मानी जा रही परियोजना
नैनीताल/देहरादून,
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (से.नि.) गुरमीत सिंह के साथ जमरानी बांध परियोजना का हवाई निरीक्षण किया। यह निरीक्षण परियोजना की वर्तमान प्रगति और भावी रणनीति की समीक्षा के लिए किया गया।
विकास और योजनाओं पर चर्चा
निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि इस दौरान राज्यपाल के साथ प्रदेश में विकास परियोजनाओं की प्रगति और आगामी योजनाओं को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। उन्होंने कहा:
“राज्यपाल महोदय के मार्गदर्शन में प्रदेश में संचालित विकास कार्यों को और गति देने का प्रयास किया जा रहा है। जमरानी बांध न केवल जलस्रोत के रूप में बल्कि पर्यटन और सिंचाई की दृष्टि से भी राज्य के लिए महत्वपूर्ण है।”
परियोजना का महत्व
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जमरानी बांध परियोजना उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र की एक महत्वाकांक्षी बहुउद्देश्यीय परियोजना है।
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यह बांध पेयजल, सिंचाई और जलविद्युत उत्पादन के साथ-साथ पर्यटन विकास के लिए भी एक संभावनाशील केंद्र माना जा रहा है।
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विशेषज्ञों का मानना है कि परियोजना के पूर्ण होने से नैनीताल और उसके आसपास के क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
पर्यटन दृष्टिकोण
मुख्यमंत्री ने यह भी संकेत दिए कि राज्य सरकार जमरानी क्षेत्र को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की योजना पर काम कर रही है।
“उत्तराखंड प्राकृतिक सौंदर्य और संसाधनों से भरपूर राज्य है। हम चाहते हैं कि प्रत्येक विकास परियोजना राज्य की आर्थिक प्रगति के साथ-साथ पर्यटन को भी प्रोत्साहित करे,” उन्होंने कहा।
इस संयुक्त निरीक्षण को प्रशासनिक स्तर पर एक सशक्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है कि राज्य सरकार और राजभवन, दोनों मिलकर विकास और सुशासन के लिए प्रतिबद्ध हैं। जमरानी बांध परियोजना आने वाले वर्षों में उत्तराखंड के विकास मानचित्र पर एक नया अध्याय जोड़ने वाली है।