देहरादून ,
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में मंगलवार को सम्पन्न हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई। शिक्षा, पंचायत, स्वच्छता मिशन और विधायी कार्यों से जुड़े फैसलों के साथ प्रदेश की प्रशासनिक और विधायी दिशा तय करने वाले बिंदुओं पर निर्णय लिए गए।
मुख्य फैसले इस प्रकार हैं:
📘 1. उत्तराखंड विशेष शिक्षा शिक्षक सेवा नियमावली, 2025 प्रख्यापित
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उच्चतम न्यायालय के 07 मार्च 2025 के आदेश के अनुपालन में 20 मार्च 2025 को 135 विशेष शिक्षा शिक्षकों के पद सृजित किए गए थे।
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अब इन पदों पर भर्ती प्रक्रिया आरंभ करने के लिए उत्तराखंड विशेष शिक्षा शिक्षक सेवा नियमावली, 2025 को प्रख्यापित (Notified) करने का प्रस्ताव स्वीकृत।
🚿 2. स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) – तृतीय चरण की तैयारी
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पंचायतीराज विभाग को 1 अप्रैल 2026 से मिशन के तीसरे चरण के क्रियान्वयन हेतु अधिकृत किया गया।
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साथ ही, द्वितीय चरण (वर्ष 2025-26) के अंतिम वर्ष के कार्यों के क्रियान्वयन को लेकर दिशा-निर्देशों पर सहमति बनी।
🏛️ 3. विधान सभा का वर्षाकालीन सत्र
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उत्तराखंड की पंचम विधान सभा के वर्ष 2025 के वर्षाकालीन अधिवेशन (द्वितीय सत्र) को आहूत करने का निर्णय।
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सत्र की तिथि और स्थान निर्धारित करने के अधिकार मुख्यमंत्री को सौंपे गए।
📑 4. समर्पित आयोग की तृतीय रिपोर्ट पर कैबिनेट अवगत
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एकल सदस्यीय समर्पित आयोग की तृतीय रिपोर्ट का अध्ययन कर मंत्रिमंडलीय उप समिति द्वारा तैयार की गई संस्तुतियों को मंत्रिमंडल के समक्ष रखा गया।
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रिपोर्ट की समीक्षा के बाद आगे की कार्रवाई के संकेत।
🔍 संक्षिप्त विश्लेषण:
यह कैबिनेट बैठक शिक्षा के क्षेत्र में समावेशीता को बढ़ावा देने, स्वच्छता कार्यक्रमों के अगले चरण की तैयारी, तथा विधायी प्रक्रियाओं को सुचारू रूप से संचालित करने की दिशा में एक अहम कदम रही। विशेष रूप से 135 विशेष शिक्षा शिक्षक पदों की नियुक्ति की दिशा में नियमावली का प्रख्यापन एक सामाजिक रूप से सकारात्मक संदेश है।