देहरादून ,
देहरादून में 12 और 13 जून को होने वाले Droupadi Murmu के प्रस्तावित दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। कार्यक्रमों के सफल संचालन के लिए प्रशासनिक अमला पूरी तरह अलर्ट मोड में है। इसी क्रम में जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने गुरुवार को राष्ट्रपति निकेतन और राष्ट्रपति आशियाना परिसर का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, राष्ट्रपति 12 जून को देहरादून स्थित राष्ट्रपति निकेतन पहुंचेंगी, जहां वे राष्ट्रपति आशियाना परिसर में 132 एकड़ क्षेत्र में विकसित किए जा रहे अत्याधुनिक राष्ट्रपति उद्यान के निर्माण एवं विकास कार्यों का निरीक्षण करेंगी। इसके बाद 13 जून को वे Indian Military Academy, देहरादून में 158वें रेगुलर कोर्स और 141वें टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स की पासिंग आउट परेड में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने सुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं से संबंधित सभी व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा करते हुए स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति के दौरे के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस दौरे का प्रमुख आकर्षण राष्ट्रपति आशियाना परिसर में विकसित हो रहा भव्य राष्ट्रपति उद्यान है। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने 20 जून 2025 को देहरादून में राष्ट्रपति तपोवन और राष्ट्रपति निकेतन का उद्घाटन किया था तथा इसी अवसर पर इस महत्वाकांक्षी उद्यान की आधारशिला रखी थी। अब वह स्वयं इसके निर्माण कार्यों की प्रगति का अवलोकन करेंगी।
उद्यान में एक थीम पार्क, आधुनिक कैफेटेरिया और फूड कोर्ट विकसित किए जा रहे हैं। स्वास्थ्य प्रेमियों के लिए 2,700 मीटर लंबा जॉगिंग, साइकिलिंग एवं वॉकिंग ट्रैक तथा प्रकृति का आनंद लेने के लिए 840 मीटर लंबा बोर्डवॉक भी बनाया जा रहा है।
इसके अलावा, पार्क में तीन भव्य प्रवेश द्वार और एक बड़ी आधुनिक पार्किंग व्यवस्था तैयार की जा रही है। जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था को सभी निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के.के. मिश्रा, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) स्मृता परमार तथा सीपीडब्ल्यूडी, विद्युत, पेयजल, वन, परिवहन समेत विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।