राज्य निर्माण का सपना आन्दोलन के शहीदों की शहादत के कारण साकार हो पायाः करन
देहरादून ,
उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस ने प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने राज्य निर्माण आंदोलन के शहीदों को नमन करते हुए श्रद्धासुमन अर्पित कर सभी राज्यवासियों को राज्य स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा ने कहा कि हम उन सभी शहीदों को शत-शत् नमन करते हैं जिन्होंने इस आन्दोलन में अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। उन्होंने कहा कि अलग उत्तराखंड राज्य निर्माण का सपना आन्दोलन के शहीदों की शहादत के कारण साकार हो पाया। उत्तराखण्ड राज्य शहीद आंदोलनकारियों की धरोहर है जिन्होंने राज्य निर्माण के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड का जनमानस शहीदों और आन्दोलनकारियों के इस महान बलिदान को शत-शत नमन करते है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य आन्दोलन में मातृ शक्ति, छात्र शक्ति, युवा शक्ति ने महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन किया जिसे उत्तराखण्ड के इतिहास में सदैव याद किया जाता रहेगा। उन्होंने कहा कि राज्य निर्माण आन्दोलन में मसूरी, खटीमा तथा मुजफ्फरनगर के गोलीकांड के शहीदों की बडी भूमिका रही है जिसने राज्य निर्माण आन्दोलन को मुकाम तक पहुंचाया। इस अवसर पर करन माहरा ने कहा कि उत्तराखण्ड 24 वर्ष की अवस्था पूर्ण कर चुका है। उन्होंने कहा कि इन 24 वर्षों में उत्तराखण्ड राज्य ने अनेक उतार-चढ़ाव देखे हैं। आज भी उत्तराखण्ड के सामने अनेकानेक चुनौतियां है। उन्होंने कहा कि विशेषकर महिलाओं एवं युवा पीढ़ी का भविष्य उत्तराखण्ड में सुरक्षित रहे उनके सिर का बोझ कम हो और चेहरों पर मुस्कान आये, इस हेतु अभी बहुत कुछ करना बाकी है। उन्होंने कहा कि प्रथम निर्वाचित कांग्रेस पार्टी की सरकार ने मुख्यमंत्री पण्डित नारायण दत्त तिवारी के नेतृत्व में राज्य में विभागों का ढांचा तैयार कर विकास की बुनियाद डाली तथा 900 करोड़ की वार्षिक योजना का आकार बढ़ाकर 5000 करोड़ तक पहुंचाया। राज्य में औद्योगिक क्षेत्रों को विकसित कर राज्य के बेरोजगार नवयुवकों के लिए रोजगार सृजन करने का काम किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासन में टिहरी बांध, मनेरी भाली, धौली गंगा जल विद्युत परियोजनाओं का काम पूरा कर राज्य को विद्युत उत्पादन के क्षेत्र मंे आत्म निर्भर करने का काम किया। माहरा ने कहा कि राज्य की शिक्षा व्यवस्था में अमूल चूल परिवर्तन कर एलटी के पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर शिक्षा व्यवस्था को पटरी पर लाने का काम किया। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार द्वारा राज्य में हरेला जैसे पर्व मनाकर उत्तराखण्ड की संस्कृति को विश्व पटल में पहचान दिलाने का काम किया। इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि आज उत्तराखण्ड के सामने सबसे बड़ी चुनौती राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों से हो रहे पलायन, महिलाओं पर बढते अत्याचार और बढती बेरोजगारी है जिसे रोकने के लिए ठोस प्रयास किये जाने चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकारों ने अपने कार्यकाल में जनता की उपेक्षा तथा झूठे वादे करने के अलावा कुछ नहीं किया है।