उत्तरकाशी ,
उत्तराखंड के उत्तरकाशी जनपद में मंगलवार दोपहर लगभग 1:50 बजे भटवाड़ी तहसील के हर्षिल क्षेत्र के अंतर्गत खीर गाड़ में अचानक जलस्तर बढ़ने से धराली कस्बा भयंकर अतिवृष्टि एवं बादल फटने की चपेट में आ गया। इस प्राकृतिक आपदा में कई भवन, होटल और दुकानें मलबे में दब गईं, और जन-धन की भारी क्षति हुई है।
🔴 स्थिति की गंभीरता
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धराली बाजार क्षेत्र पूरी तरह क्षतिग्रस्त।
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घटनास्थल उत्तरकाशी जिला मुख्यालय से 80 किमी दूर।
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नजदीकी चिकित्सा सुविधा 5 किमी, जिला अस्पताल 88 किमी, एम्स ऋषिकेश 246 किमी दूर।
🚁 राहत और बचाव कार्य: पूर्ण क्षमता पर
🛫 हवाई सहायता तैनात
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भारतीय वायुसेना द्वारा:
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2 एमआई हेलीकॉप्टर
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1 चिनूक हेलीकॉप्टर तैयार
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यू-काडा (UCADA) के 2 हेलीकॉप्टर राहत कार्य के लिए सक्रिय
🧑🚒 जमीनी राहत बल
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NDRF:
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50 जवान दिल्ली से
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15 जवान देहरादून से रवाना
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SDRF:
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30 जवान गंगोत्री से
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45 जवान देहरादून से
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ITBP:
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30 जवान राहत कार्य में लगाए गए
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⚙️ उपकरण और संसाधन भेजे गए:
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विक्टिम लोकेशन कैमरा
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थर्मल इमेजिंग कैमरा
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डायमंड चेन शॉ
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ड्रोन
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मेडिकल संसाधन
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पेलिकन व ड्रैगन लाइट
🏥 चिकित्सीय तैयारियां
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हर्षिल पीएचसी, भटवाड़ी पीएचसी, उत्तरकाशी जिला अस्पताल में अलर्ट
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एम्स ऋषिकेश और दून अस्पताल में अतिरिक्त बेड आरक्षित
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एम्बुलेंस टीमों को क्रियाशील किया गया
🧑💼 प्रशासनिक निगरानी व समन्वय
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प्रभारी मुख्य सचिव आरके सुधांशु ने पीएमओ और गृह मंत्रालय को जानकारी दी
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पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ, सचिव गृह शैलेश बगौली, आईजी SDRF अरुण मोहन जोशी समेत वरिष्ठ अधिकारी राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (SEOC), देहरादून में मौजूद
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BRRO व PWD को तत्काल सड़कें खोलने के निर्देश
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वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से धराली की स्थिति की लगातार निगरानी
🌧️ मौसम और मार्गों की स्थिति
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लगातार बारिश से सड़क मार्ग बाधित
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हवाई मार्ग की तैयारी मौसम के अनुकूल होने पर
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सभी राहत दलों को बाधित मार्गों से निकालने की कोशिशें जारी
📞 हेल्पलाइन नंबर (24×7 आपातकालीन संपर्क)
📍 जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र, उत्तरकाशी
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01374-222722
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7310913129
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7500737269
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टोल फ्री: 1077, 112
📍 राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र, देहरादून
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0135-2710334
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0135-2710335
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8218867005
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9058441404
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टोल फ्री: 1070, 112
मृतक या घायलों की जानकारी हेतु उपरोक्त नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है।
🔔 जनता के लिए अलर्ट
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भागीरथी नदी और अन्य जलधाराओं से दूर रहें
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संवेदनशील क्षेत्रों को खाली कर सुरक्षित स्थानों पर रहें
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अफवाहों से बचें और अधिकृत सरकारी सूत्रों से ही जानकारी प्राप्त करें
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आपातकालीन सहायता के लिए डायल करें – 112
राहत और बचाव के प्रयास निरंतर जारी हैं। राज्य और केंद्र सरकारें मिलकर इस आपदा में फंसे हर नागरिक तक मदद पहुंचाने के लिए संकल्पित हैं।