05 दिन पूर्व एक युवक द्वारा पुलिस कार्यालय में आकर लगभग 18-19 वर्ष पूर्व 09 वर्ष की आयु में एक व्यक्ति द्वारा उसका अपहरण कर राजस्थान में किसी अजांन जगह पर ले जाने की दी गई थी जानकारी
अपने परिजनो के सम्बंध में कोई स्पष्ट जानकारी नही दे पा रहा था युवक
एएचटीयू की टीम द्वारा सोशल मीडिया व अन्य माध्यमों से युवक के सम्बंध में जानकारी को किया था प्रसारित
महिला द्वारा युवक की अपने पुत्र के रूप में की गई पहचान, अपने पुत्र के वर्ष 2008 से लापता होने की दी जानकारी
देहरादून ,
गत माह 25 जून को एक व्यक्ति द्वारा पुलिस कार्यालय स्थित एएचटीयू के कार्यालय में आकर बताया कि उसे लगभग 18 से 19 वर्ष पूर्व जब उसकी आयु लगभप 09 वर्ष थी एक व्यक्ति द्वारा घर के पास से उठाकर राजस्थान में किसी अजांन जगह पर ले जाया गया, जहां उनके द्वारा उससे भेड-बकरी चराने का कार्य करवाया जाता था, वर्तमान में किसी व्यक्ति की सहायता से वह देहरादून पहुंचा पर उसे अपने घर का पता व परिजनो के सम्बंध में कोई जानकारी याद नही है और न ही उसे अपने असली नाम याद है। उसे यह याद था कि उसके पिताजी की परचून की दुकान थी तथा घर पर उसकी माताजी तथा 04 बहने थी।
पुलिस द्वारा उक्त व्यक्ति के रूकने व खाने की व्यवस्था करते हुए, सोशल मीडिया व पम्पलेट के माध्यम से उक्त व्यक्ति की जानकारी से जनपद के सभी थानो को अवगत कराते हुए अपने-अपने थाना क्षेत्रो में युवक के परिजनो की तलाश के निर्देश दिये गये, साथ ही समाचार पत्रों के माध्यम से युवक से सम्बन्धित जानकारी को प्रकाशित कराते हुए आमजन मानस से भी युवक के परिजनों को ढूंढने में सहयोग प्रदान करने की अपील भी की गई।
आज दिनांक 01-07-2024 को ब्राह्मणवाला निवासी एक महिला आशा शर्मा पत्नी कपिल देव शर्मा द्वारा समाचार पत्र में प्रकाशित खबर को पढकर एएचटीयू कार्यालय में आकर जानकारी दी कि उनका पुत्र जिसका नाम मोनू था, वर्ष 2008 में घर से गायब हो गया था, जिसके उनके द्वारा उत्तराखण्ड, उत्तरप्रदेश व अन्य कई स्थानो पर काफी तलाश किया गया, पर उसके सम्बंध में कोई जानकारी प्राप्त नही हो पाई, जिस पर उक्त युवक को महिला से मिलवाया गया, तो महिला द्वारा बतायी गई बातो को याद करते हुए उक्त युवक द्वारा महिला की पहचान अपनी मॉ के रूप में की गई, साथ ही भावुक होकर अपनी मॉ को गले लगाया।
17 वर्षो बाद अपने खोये हुए पुत्र को वापस पाकर महिला द्वारा भाव विभोर होते हुए पुलिस कर्मियों के सर पर हाथ फेरकर उन्हें आर्शीवाद दिया, साथ ही उनके द्वारा किये गये प्रयासो पर आभार व्यक्त किया गया।