हरिद्वार ,
उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा हरिद्वार के बैरागी कैंप में आयोजित राज्यस्तरीय “न्याय संहिता” प्रदर्शनी जन-जागरूकता का प्रभावी मंच बनती जा रही है। 7 मार्च 2026 से शुरू हुई इस प्रदर्शनी के माध्यम से न्याय संहिता के प्रमुख प्रावधानों, तकनीकी नवाचारों और नागरिक अधिकारों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियों को सरल, रोचक और आकर्षक तरीके से आमजन तक पहुंचाया जा रहा है।
प्रदर्शनी के चौथे दिन मंगलवार को बड़ी संख्या में विभिन्न वर्गों के लोगों ने इसमें भाग लिया। इस दौरान ITBP, BSF, NCB और NIA जैसी केंद्रीय जांच एजेंसियों और अर्द्धसैनिक बलों के अधिकारियों ने न्याय संहिता के प्रमुख प्रावधानों की जानकारी प्राप्त की। वहीं PTC नरेंद्रनगर, ATC हरिद्वार और SDRF के युवा आपदा मित्रों ने आपदा प्रबंधन और कानून के समन्वय को समझा।
इसके अलावा शांतिकुंज, PMS स्कूल के छात्र-छात्राओं तथा हरिद्वार और देहरादून के स्थानीय नागरिकों सहित करीब 3500 आगंतुकों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल कीं। प्रदर्शनी के प्रति बढ़ते उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसके शुभारंभ से अब तक 8000 से अधिक लोग इस आयोजन का हिस्सा बन चुके हैं।
प्रदर्शनी के दौरान नुक्कड़ नाटकों का भी लगातार मंचन किया जा रहा है। इनके माध्यम से पीड़ित-केंद्रित न्याय, जीरो-एफआईआर और पारदर्शी विवेचना जैसे विषयों को प्रभावशाली और रोचक ढंग से प्रस्तुत किया जा रहा है, जिसे आगंतुकों द्वारा काफी सराहा जा रहा है।
उत्तराखण्ड पुलिस ने आमजन से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में बैरागी कैंप पहुंचकर न्याय संहिता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त करें। यह प्रदर्शनी 11 मार्च 2026 तक आम लोगों के लिए खुली रहेगी।
— मीडिया सेल, पुलिस मुख्यालय, उत्तराखण्ड