देहरादून ,
श्री गुरु राम राय इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड हेल्थ साइंसेज द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय ‘रेडियोलॉजी एंड इमेजिंग कॉन्फ्रेंस 2025 (उत्तराखण्ड चैप्टर)’ का प्रथम दिवस कॉलेज के सभागार में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। देशभर से पहुंचे रेडियोलॉजिस्ट, मेडिकल विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, रेजिडेंट डॉक्टरों और युवा शोधकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी ने इस सम्मेलन को ज्ञान-विनिमय, शोध एवं नवीन तकनीकों पर आधारित एक प्रभावशाली मंच बनाया।
इस वर्ष सम्मेलन का मुख्य विषय ‘कार्डियक इमेजिंग’ रखा गया, जिसमें आधुनिक तकनीकों, नवीनतम शोध, इमेजिंग प्रोटोकॉल और उभरती संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई। करीब 150 प्रतिभागियों ने इस आयोजन में हिस्सा लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रो. (डॉ.) अशोक नायक, प्राचार्य—एसजीआरआर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड हेल्थ साइंसेज तथा विशिष्ट अतिथिगण डॉ. बिमलेश जोशी (अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी), डॉ. राजेन्द्र गर्ग (प्रेसीडेंट, आईआरआईए), डॉ. प्राची काला (सचिव, आईआरआईए) और आयोजन सचिव डॉ. राजेन्द्र कुमार श्रीवास्तव द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर किया गया।
मुख्य अतिथि डॉ. अशोक नायक ने कहा कि आधुनिक चिकित्सा में रेडियोलॉजी आज एक अत्यंत महत्वपूर्ण स्तंभ है। कार्डियक, न्यूरो और ऑन्कोलॉजी जैसे सुपर स्पेशियलिटी क्षेत्रों में निदान व उपचार की योजना बनाने में रेडियोलॉजिस्ट अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन विद्यार्थियों व शोधकर्ताओं के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा।
विशिष्ट अतिथि डॉ. बिमलेश जोशी ने कहा कि यह दो दिवसीय कार्यक्रम रेडियोलॉजी की आधुनिक विधियों, शोध एवं तकनीकी प्रगति को समझने के लिए एक उत्कृष्ट मंच है।
तकनीकी सत्रों में राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित विशेषज्ञों ने कार्डियक इमेजिंग की उन्नत प्रणालियों, क्लीनिकल निर्णय क्षमता और आधुनिक शोध पर अपने अनुभव साझा किए। “भविष्य की इमेजिंग एवं उन्नत तकनीकें” विषय पर आयोजित पैनल चर्चा में 3डी इमेजिंग, अल्ट्रासाउंड, कार्डियक सीटी और एमआरआई तकनीकों पर विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की गई। युवा रेडियोलॉजिस्टों द्वारा किए गए पोस्टर व पेपर प्रेजेंटेशन ने सम्मेलन में नवाचार और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को और मजबूत किया।
समापन सत्र में आयोजन चेयरमैन डॉ. राजीव आजाद ने सभी प्रतिभागियों, फैकल्टी सदस्यों और आयोजन टीम का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन रेडियोलॉजी शिक्षा, आधुनिक मेडिकल अनुसंधान और तकनीकी विकास के लिए प्रेरक सिद्ध होगा। इस अवसर पर डॉ. एम.एस. कुंवर, डॉ. वी.के. शर्मा, डॉ. तनुज भाटिया, डॉ. मनाली एवं डॉ. लवप्रीत सिंह भी उपस्थित रहे।