देहरादून ,
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विजन “ड्रग्स फ्री देवभूमि” को साकार करने की दिशा में देहरादून जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की तैयारी कर ली है।
डीएम सविन बंसल की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को ऋषिपर्णा सभागार में हुई जिला स्तरीय नारकोटिक्स को-ऑर्डिनेशन समिति की बैठक में प्रशासन ने नशा तस्करों, फार्मा पदार्थों में मिलावट करने वालों और नशे के पैडलरों पर सख्त कार्रवाई की रूपरेखा तय की।
🧾 अब ऑन-द-स्पॉट होगी कानूनी कार्रवाई
डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि
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नशा बेचने या फार्मा पदार्थों में मिलावट करने वालों पर संगीन धाराओं में मौके पर ही मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
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दवा फैक्ट्री और मेडिकल स्टोरों का नियमित निरीक्षण किया जाएगा।
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सभी मेडिकल स्टोरों पर सीसीटीवी कैमरे अनिवार्य रूप से लगाए जाएंगे।
🧪 कॉलेजों में मास लेवल ड्रग्स टेस्टिंग
जिला प्रशासन ने 6,000 ड्रग्स टेस्ट किट्स खरीदी हैं।
इनका उपयोग कर सरकारी, गैर सरकारी कॉलेजों, विश्वविद्यालयों और उच्च शिक्षण संस्थानों में मास लेवल ड्रग्स टेस्टिंग कराई जाएगी।
डीएम ने मौके पर ही स्वास्थ्य विभाग को फंड स्वीकृत किया।
📞 हेल्पलाइन और डेडिकेटेड सेल
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जिला स्तर पर एक पब्लिक हेल्पलाइन नंबर और डेडिकेटेड एंटी-ड्रग्स सेल स्थापित किया जा रहा है।
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स्कूलों की एंटी-ड्रग्स समितियों को सीधे एसटीएफ से जोड़ा जाएगा, ताकि त्वरित सूचना साझा की जा सके।
🏥 नशा मुक्ति केंद्र और निगरानी
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समाज कल्याण अधिकारी को रायवाला ओल्ड एज होम को जल्द ही नशा मुक्ति एवं मानसिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए गए।
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स्कूलों और कॉलेजों के आसपास सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।
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एनसीवी मानस पोर्टल और हेल्पलाइन नंबर 1933 का व्यापक प्रचार किया जाएगा ताकि नागरिक नशे से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी दे सकें।
👮♂️ संयुक्त अभियान और समन्वय
डीएम ने कहा कि नशे की डिमांड और सप्लाई चैन को तोड़ने के लिए
एएनटीएफ, एसटीएफ, पुलिस, एनसीबी और औषधि नियंत्रण विभाग को मिलकर काम करना होगा।
सड़क पर वाहनों की यातायात जांच के दौरान ड्रग्स टेस्टिंग भी की जाएगी।
🧠 जनजागरूकता होगी मुख्य हथियार
शैक्षणिक संस्थानों में एंटी-ड्रग्स अभियान और जनजागरूकता कार्यक्रम नियमित रूप से चलाए जाएंगे।
डीएम बंसल ने कहा कि—
“राजधानी देहरादून में नशा तस्करों के लिए कोई जगह नहीं होगी। हमारा उद्देश्य युवाओं को नशे की गिरफ्त से मुक्त कर एक स्वस्थ और सशक्त समाज बनाना है।”
