देहरादून ,
उत्तराखंड के लिए एक महत्वपूर्ण अवसंरचनात्मक उपलब्धि सामने आई है। केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय राजमार्ग-7 और 34 के महत्वपूर्ण खंडों के सुधार कार्यों के लिए ₹720.67 करोड़ की परियोजना को मंजूरी दे दी है। यह फैसला न केवल देहरादून और हरिद्वार के बीच सुगम आवागमन को सुनिश्चित करेगा, बल्कि चारधाम यात्रा मार्ग को भी पहले से अधिक सुरक्षित और सुलभ बनाएगा।
🛣️ किन हिस्सों पर होगा काम?
- राष्ट्रीय राजमार्ग-7: देहरादून – लाल टप्पर – नेपाली फार्म
- राष्ट्रीय राजमार्ग-34: नेपाली फार्म – मोतीचूर
- कुल लंबाई: 36.82 किलोमीटर
🚧 परियोजना की प्रमुख विशेषताएं:
- ग्रेड सेपरेशन: व्यस्त जंक्शनों पर ट्रैफिक फ्लो को सुगम बनाने के लिए।
- स्थानीय और राष्ट्रीय यातायात का पृथक्करण: जिससे हादसों में कमी आएगी।
- सर्विस रोड का निर्माण: भारी यातायात के दबाव को कम करने के लिए।
- सुरक्षा उपायों का विस्तार: सड़क हादसों को न्यूनतम करने की दिशा में।
🗣️ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का बयान:
“यह परियोजना उत्तराखंड में बुनियादी ढांचे के विकास को नई गति देगी। प्रधानमंत्री मोदी और मंत्री नितिन गडकरी के आभार के साथ मैं यह कहना चाहता हूं कि यह केवल सड़क नहीं, बल्कि प्रदेश के भविष्य को जोड़ने का कार्य है।”
धामी ने आगे कहा कि इससे देहरादून-हरिद्वार-ऋषिकेश के बीच यातायात तेज़, सुरक्षित और सुगम होगा, और चारधाम यात्रा मार्ग पर सफर करने वालों को विशेष राहत मिलेगी।
विकास की रफ्तार में नया पड़ाव
उत्तराखंड में बीते कुछ वर्षों में सड़क, रेल और एयर कनेक्टिविटी पर विशेष बल दिया गया है। इस परियोजना को स्वीकृति मिलना राज्य के लिए बुनियादी ढांचे की मजबूती और पर्यटक-यात्री दोनों की सुविधा की दृष्टि से बड़ी सफलता मानी जा रही है।
राज्य की भौगोलिक परिस्थिति और तीर्थाटन की दृष्टि से यह परियोजना अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके पूर्ण होने पर न केवल यातायात जाम और दुर्घटनाओं में कमी आएगी, बल्कि पर्यटन और व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा।