देहरादून ,
देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने घोषणा की है कि नए साल से प्रदेश में राशन कार्ड बनवाने की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन कर दी जाएगी। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या ने विभागीय समीक्षा बैठक में अधिकारियों को इस व्यवस्था को लागू करने के निर्देश दिए।
ऑनलाइन होगी पूरी राशन कार्ड प्रक्रिया
मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि राशन कार्ड बनाने की प्रक्रिया में किसी भी तरह की त्रुटि या विसंगति को समाप्त करने के लिए डिजिटल सिस्टम अत्यंत आवश्यक है। नई व्यवस्था के तहत—
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राशन कार्ड का आवेदन
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दस्तावेज़ अपलोड व सत्यापन
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स्वीकृति प्रक्रिया
सब कुछ ऑनलाइन माध्यम से होगा। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और जनता को कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
राशन विक्रेताओं का भुगतान और बिलिंग भी डिजिटल
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि राशन विक्रेताओं के भुगतान और बिलिंग की प्रक्रिया भी पूरी तरह ऑनलाइन की जाएगी।
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मई 2024 तक का लाभांश सभी जिलों में राशन विक्रेताओं को वितरित किया जा चुका है।
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अगले तीन महीनों का लाभांश भी 2–3 दिनों में भेजा जाएगा।
जरूरतमंदों को विशेष प्राथमिकता
मंत्री ने निर्देश दिए कि आवेदन की तारीख को ही आधार न बनाया जाए। जिन लोगों को वास्तव में प्राथमिकता दी जानी चाहिए—
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विकलांग
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तलाकशुदा
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अनाथ
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परित्यक्ता
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मानसिक रूप से कमजोर व्यक्ति
—इन वर्गों के आवेदनों को पहले निपटाया जाए।
धान खरीद का लक्ष्य बढ़ सकता है
रेखा आर्या ने बताया कि इस वर्ष केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित धान खरीदी लक्ष्य का 98% पूरा हो चुका है। लक्ष्य बढ़ाने हेतु केंद्र से पत्राचार चल रहा है, ताकि अधिक से अधिक किसानों की फसल एमएसपी पर खरीदी जा सके।
राशन विक्रेताओं के आश्रितों को मिलेगा लाभ
सरकार ने निर्णय लिया कि यदि किसी सरकारी राशन विक्रेता की मृत्यु हो जाती है, तो उसकी दुकान उसके आश्रित को ही आवंटित की जाएगी।
यदि आश्रित इच्छुक न हों, तभी नए आवेदनों को स्वीकार किया जाएगा।
समापन: डिजिटल सिस्टम से बढ़ेगी पारदर्शिता
नए साल से लागू होने वाली ऑनलाइन व्यवस्था से—
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राशन कार्ड बनाने में तेजी आएगी
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पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी
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राशन विक्रेताओं को समय पर भुगतान मिलेगा
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जरूरतमंदों को प्राथमिकता सुनिश्चित होगी