नई दिल्ली/देहरादून,
दिल्ली से देहरादून तक सफर करने वालों के लिए राहत की खबर है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कहा है कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य अक्टूबर 2025 तक पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद इसे जनता के लिए पूरी तरह खोल दिया जाएगा।
अभी कितना समय लगता है और कितना कम होगा?
वर्तमान में दिल्ली से देहरादून की दूरी तय करने में 5-6 घंटे का समय लगता है। लेकिन एक्सप्रेसवे चालू होने के बाद यह समय घटकर महज 2 से 2.5 घंटे रह जाएगा।
नितिन गडकरी ने कहा:
“यह एक्सप्रेसवे न केवल समय की बचत करेगा, बल्कि दिल्ली और देहरादून के बीच ट्रैफिक का दबाव भी कम करेगा।”
क्या होगा रूट?
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे की शुरुआत दिल्ली के अक्षरधाम से होगी और यह उत्तर प्रदेश के बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर होते हुए देहरादून पहुंचेगा। इससे इन शहरों को भी बेहतर संपर्क सुविधा मिलेगी।
प्राकृतिक क्षतिपूर्ति के प्रयास
सांसद नरेश बंसल द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में गडकरी ने बताया कि एक्सप्रेसवे निर्माण के दौरान 17,913 पेड़ काटे गए, जिनकी भरपाई के लिए:
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वन विभाग को 22 करोड़ रुपये दिए गए
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157 हेक्टेयर भूमि पर नए पेड़ लगाए जा रहे हैं
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एनएचएआई ने 50,600 पेड़ों का रोपण भी किया है
स्पीड और तकनीकी विशेषताएं
गडकरी ने कहा कि यह एक्सप्रेसवे कम से कम 100 किमी/घंटे की रफ्तार से चलने के लिए डिजाइन किया गया है। यह अत्याधुनिक सुरक्षा व सुविधा के मानकों पर आधारित है, जिससे सफर स्मूद और सुरक्षित रहेगा।
क्यों हुई देरी?
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एक्सप्रेसवे का कार्य मार्च 2024 तक पूरा होना था
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फिर इसे जनवरी 2025 में आंशिक रूप से खोलने की योजना बनी
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लेकिन बाद में निर्णय लिया गया कि इसे पूरी तरह बनकर तैयार होने के बाद ही चालू किया जाएगा
मुख्य बातें संक्षेप में:
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अक्टूबर 2025 तक पूरा होगा एक्सप्रेसवे
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दिल्ली-देहरादून यात्रा घटकर रह जाएगी 2–2.5 घंटे
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उत्तर प्रदेश के कई शहरों को भी मिलेगा लाभ
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भीड़भाड़ वाले रास्तों से छुटकारा
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पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति के तहत हजारों नए पेड़ लगाए जा रहे