देहरादून,
राज्य स्थापना की रजत जयंती वर्ष के अवसर पर उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए आज सरदार पटेल भवन, देहरादून में महिला पुलिस अधिकारियों के साथ ओपन हाउस संवाद सत्र आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में और पुलिस महानिदेशक (DGP) श्री दीपम सेठ की अध्यक्षता में संपन्न हुआ।
इस ऐतिहासिक सत्र में उप निरीक्षक से लेकर पुलिस महानिरीक्षक स्तर की महिला अधिकारियों ने भाग लिया। पहली बार राज्य पुलिस के इतिहास में इस स्तर की खुली संवाद प्रक्रिया आयोजित की गई, जिसमें महिला पुलिस कर्मियों ने अपने अनुभव, समस्याएं और सुझाव सीधे पुलिस महानिदेशक के समक्ष प्रस्तुत किए।
प्रमुख बिंदु:
- महिला सशक्तिकरण की दिशा में नई पहल: महिला अधिकारियों को उनके अनुभव और योग्यता के आधार पर विशेष प्रशिक्षण व नेतृत्व पदों पर नियुक्ति देने का निर्णय।
- महिला कार्मिकों की भूमिकाएं बढ़ेंगी: साइबर सेल, एसटीएफ, एसओजी, नारकोटिक्स सेल जैसी प्रमुख इकाइयों में महिला पुलिस की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
- कार्य-जीवन संतुलन पर जोर: लचीली कार्यनीति, सहयोगी वातावरण और मानसिक स्वास्थ्य पर केंद्रित योजनाएं लागू करने की बात कही गई।
- CRECHE सुविधा का विस्तार: महिला कार्मिकों की पारिवारिक जिम्मेदारियों को ध्यान में रखते हुए कार्यस्थलों पर बच्चों के लिए डे-केयर केंद्रों की संख्या बढ़ाने पर बल दिया गया।
- लैंगिक संवेदनशीलता और सुरक्षा: सम्मानजनक संवाद, महिला अनुकूल कार्य संस्कृति, और आंतरिक शिकायत समिति के पुनर्गठन की घोषणा।
सत्र में हाल ही में चेन्नई में आयोजित 11वें राष्ट्रीय महिला पुलिस सम्मेलन (NCWP) में प्रतिभाग कर लौटी महिला पुलिस टीम ने भी मानसिक स्वास्थ्य, कार्यस्थल की कार्यसंस्कृति और करियर विकास से जुड़े अनुभव साझा किए।
DGP दीपम सेठ ने कहा, “आपका कार्य और आचरण ऐसा होना चाहिए जिस पर समाज और परिवार गर्व करें। यह संवाद सत्र केवल विचार-विमर्श नहीं बल्कि भावी रणनीतियों का आधार बनेगा, जिससे महिला पुलिस अधिकारी और अधिक सक्षम और नेतृत्वकारी भूमिका में दिखाई दें।”
प्रमुख उपस्थिति:
इस अवसर पर ADG कानून व्यवस्था श्री वी. मुरुगेशन, ADG अभिसूचना श्री ए. पी. अंशुमान, IG विम्मी सचदेवा, IG विमला गुंज्याल, IG नीरू गर्ग, DIG निवेदिता कुकरेती, सेनानायक तृप्ति भट्ट सहित राज्य की वरिष्ठ महिला पुलिस अधिकारीगण मौजूद रहीं।
मीडिया सेल, पुलिस मुख्यालय उत्तराखण्ड