देहरादून ,
आंगनवाड़ी कार्यकर्ती, सहायिका मिनी कर्मचारी संगठन की प्रदेश अध्यक्ष रेखा नेगी ने कहा है कि पूरे उत्तराखंड में 13 जिलों में आंगनवाड़ियों का मानदेय बढ़ोत्तरी सहित अपनी अन्य मांगांे को लेकर पिछले 25 दिनों से कार्य बहिष्कार, धरना एवं प्रदर्शन चल रहा है। आज परेड ग्राउंड स्थित उत्तरांचल प्रेस क्लब में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांगों को हल नहीं किया जाता तब तक आंदोलन को जारी रखा जायेगा और संघर्ष को यथावत जारी रखा जायेगा। उन्होंने बताया कि इस बीच आंगनवाड़ी संगठन ने अपनी मांगो को लेकर पांच फरवरी को विधानसभा में रैली के माध्यम से अपना मांग पत्र मुख्यमंत्री को प्रेषित किया गया और उसके बाद 16 फरवरी को प्रत्येक जिले में जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन प्रेषित किया गया परन्तु अभी भी समस्यायें यथावत है। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार से लेकिन कोई भी आश्वासन न में मिलने पर उसके बाद 19 फरवरी 2024 से सभी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता कार्य बहिष्कार पर चले गए, उसके बाद 20 फरवरी 2024 को सचिवालय का घेराव किया गया और मुख्यमंत्री को अपना ज्ञापन प्रेषित किया गया। उन्होंने कहा कि उसके बाद 26 फरवरी 2024 को सत्र के दौरान विधानसभा घेराव करते हुए मुख्यमंत्री को फिर से ज्ञापन प्रेषित किया गया। उन्होंने कहा कि लेकिन सरकार द्वारा कोई भी आश्वासन नहीं दिया जिस कारण सभी आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने आक्रोशित होकर पेड़ों में चढ़कर पुतला दहन करके अपना विरोध और अपनी पीड़ा को जताया लेकिन सरकार द्वारा कहीं से भी कोई आश्वासन नहीं मिला है। उन्होंने बताया कि लगातार संघर्ष के बाद शाम को एक रैली का आयोजन किया गया जिसमंे प्रशासन को मजबूरन तीन मार्च 2024 को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मिलवाया गया और विभागीय अधिकारियों के नेतृत्व में आंगनवाड़ी संगठन ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात की और संगठन द्वारा अपनी बातों को मुख्यमंत्री के पटल पर रखा गया, जिसमें मुख्यमंत्री द्वारा विभाग को आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का कार्य वित्त योजना को बनाकर पेश करने की बात कही गई, जिसमें विभाग ने मांग पत्र के हिसाब से आंगनवाड़ी कार्यकत्र्रियों का मांग पत्र बनाकर सरकार के सामने पेश किया लेकिन अभी तक सरकार, शासन, प्रशासन, से वार्ता होने के बाद भी अभी तक आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मांगें जस की तस है। उन्होंने कहा कि सरकार और विभाग द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मांगों को लेकर एक कमेटी का गठन किया गया उस कमेटी में मानदेय बढ़ोत्तरी एवं महिला कल्याण कोष के बनाकर आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों देने की बात कही गई है लेकिन संगठन यह चाहता है कि हमारे मानदेय में बढ़ोत्तरी की जाये।
