हरिद्वार ,
श्रावण मास कांवड़ मेला-2026 को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से पुलिस मुख्यालय उत्तराखंड ने सुरक्षा व्यवस्थाओं की व्यापक समीक्षा की। पुलिस महानिरीक्षक (एसटीएफ) निलेश आनंद भरणे और पुलिस उपमहानिरीक्षक (अपराध एवं कानून व्यवस्था) धीरेंद्र सिंह गुंज्याल ने हरिद्वार पहुंचकर मेला क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया तथा अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर आगामी रणनीति तय की।
उच्च अधिकारियों ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार एवं अन्य अधिकारियों के साथ चंडी चौक, शंकराचार्य चौक, बैरागी कैंप पार्किंग, हरकी पैड़ी सहित प्रमुख मार्गों, संवेदनशील स्थलों और भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था, यातायात संचालन, भीड़ नियंत्रण और श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का जायजा लिया गया। मौके पर तैनात पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को सतर्कता, बेहतर समन्वय तथा त्वरित प्रतिक्रिया के साथ ड्यूटी निभाने के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मेला कंट्रोल रूम और सीसीटीवी मॉनिटरिंग सिस्टम का भी अवलोकन किया। कंट्रोल रूम के माध्यम से हरिद्वार शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था, यातायात संचालन तथा श्रद्धालुओं की आवाजाही पर लगातार निगरानी की जा रही है। अधिकारियों ने कंट्रोल रूम में तैनात कर्मियों को हर गतिविधि पर पैनी नजर रखने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
इसके बाद आयोजित समीक्षा बैठक में कांवड़ मेले में तैनात सुपर जोनल एवं जोनल अधिकारियों के साथ वर्तमान व्यवस्थाओं की विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक में आगामी दिनों में श्रद्धालुओं की संभावित बढ़ती संख्या को देखते हुए यातायात प्रबंधन को और प्रभावी बनाने, छोटी से छोटी घटना पर भी तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा किसी भी स्थिति को गंभीर होने से पहले नियंत्रित करने पर विशेष जोर दिया गया।
अधिकारियों ने सोशल मीडिया मॉनिटरिंग को भी सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया मॉनिटरिंग टीम चौबीसों घंटे सक्रिय रहे और किसी भी प्रकार की अफवाह, भ्रामक सूचना अथवा आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित होने पर संबंधित व्यक्तियों की तत्काल पहचान कर उनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में यह भी बताया गया कि प्रत्येक जोन और सेक्टर में सक्षम पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है तथा पुलिस मुख्यालय स्तर से भी मेले की लगातार निगरानी की जा रही है। आने वाले सप्ताह में श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए सभी अधिकारियों को टीम भावना के साथ कार्य करने तथा आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए गए।
समीक्षा बैठक के समापन पर पुलिस महानिरीक्षक एसटीएफ निलेश आनंद भरणे और पुलिस उपमहानिरीक्षक धीरेंद्र सिंह गुंज्याल ने कांवड़ मेला ड्यूटी के दौरान उत्कृष्ट एवं सराहनीय कार्य करने वाले पुलिस कर्मियों, अर्धसैनिक बलों के जवानों तथा विशेष पुलिस अधिकारियों (एसपीओ) को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया। अधिकारियों ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा मेला अवधि के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।